SECRETS STORY OF परशुराम कुंड | माँ की हत्या और मुक्ति | Shocking Truth of Bhagwan Parshuram
परशुराम कुंड अरुणाचल प्रदेश के लोहित जिले के कमलांग रिज़र्व वन क्षेत्र में स्थित है, इस कुंड की जल माँ गंगा की जल के सामान पवित्र है परशुराम कुंड की कहानी का व्याख्या श्रीमद भागवत, कालिकापुराण और महाभारत में भगवान परशुराम के द्वारा मातृहत्या में की गई है| कथाओं के अनुसार भगवान परशुराम की माता रेणुका, हवन के लिये जल लाने गंगा नदी पर गई हुई थी, उसी समय गंगा नदी के पास में गंधर्वराज चित्ररथ को अप्सराओं के साथ विहार करते देख, उन पे मोहित हो गई थी और हवन के जल लाने में देर होने से महर्षि जमदग्नि अपनी पत्नी रेणुका से क्रोधित थे. माता रेणुका जब जल लेकर आई, तो महर्षि जमदग्नि ने एक-एक कर अपने सभी पुत्रों को अपनी पत्नी रेणुका का वध करने को कहा, लेकिन कोई भी पुत्र ने वध नही किया, आखरी में महर्षि जमदग्नि अपने चौथे पुत्र परशुराम को माता रेणुका का वध करने को कहा, भगवान परशुराम अपने पिता का आज्ञा का पालन करते हुए, फरसे से अपनी माता रेणुका का शीष एक झटके में धड़ से अलग कर दिया | महर्षि जमदग्नि ने भगवान परशुराम के अलावा अपने सभी पुत्रों को आज्ञा का पालन नही करने की सजा देते हुए श्राप देकर उनकी बुधी को न...